रायपुर। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भारतमाला भूमि अधिग्रहण घोटाले में एक आरोपी पटवारी ने आत्महत्या कर लिया, उसने अपने सोसाइड नोट में कहा है कि मुझे इसमें फंसाया जा रहा, दोषी बड़े लोग है।
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कांग्रेस का शुरू से आरोप है इस मामले की जांच की दिशा सही नहीं है। बड़े लोगों को बचाया जा रहा, छोटी मछलियों पर कार्यवाही हो रही। इस मामले की निष्पक्ष जांच होना चाहिए। हाईकोर्ट के जज की निगरानी में सीबीआई जांच हो।
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इससे पहले भी कांग्रेस भारतमाला भूमि अधिग्रहण घोटाले में प्रेस नोट जारी किया था , इसे भी पढ़े :- भारतमाला परियोजना के भ्रटाचार और घोटाले की जांच में असल गुनहगारों को सत्ता का संरक्षण
भारतमाला परियोजना के जमीन अधिग्रहण घोटाले की भाजपा सरकार लीपापोती करना चाहती है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि सरकार इस मामले में संलिप्त भाजपा के वरिष्ठ नेताओं एक पूर्व मंत्री, विधायक को बचाने के लिए ईओडब्ल्यू की जांच करवा रही है। भारतमाला परियोजना केंद्र सरकार की योजना है।
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इस मामले में मुआवजे का जो घोटाला हुआ है उसमें केंद्र सरकार के खजाने पर डाका डाला गया है। अतः इसकी जांच केंद्र सरकार की एजेंसियों को करना चाहिये। केंद्रीय राशि पर घपले की जांच सीबीआई को करना चाहिये। साथ ही सैकड़ों रू. का लेन देन में जो गड़बड़ी किया गया है। अतः ईडी भी इस मामले की जांच करे।
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प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भारत माला परियोजना में अभी जो घोटाला सामने आया है वह तो केवल एक तहसील का है।
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इस पूरे सड़क परियोजना के भूमि अधिग्रहण की सूक्ष्म जांच होनी चाहिये। यह हजारों करोड़ का सुनियोजित घोटाला है जिसमें संगठित गिरोह बना कर मुआवजा वसूला गया है। रायपुर से हैदराबाद सड़क के भूमि अधिग्रहण की जांच कराया जाना आवश्यक है।
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